वैदिक ज्योतिष की 12 राशियाँ: स्वभाव व अर्थ
वैदिक ज्योतिष में आकाश को बारह समान भागों में बाँटा जाता है, जिन्हें राशि कहते हैं। हर राशि का एक स्वामी ग्रह, एक तत्व व एक गुण होता है जो उसकी ऊर्जा के प्रकट होने का ढंग तय करता है। राशियों को समझना किसी भी कुंडली को पढ़ने का पहला कदम है।
चार तत्व
हर राशि चार तत्वों में से एक की होती है, और यह एक नज़र में बहुत कुछ बता देता है:
बारह राशियाँ एक नज़र में
सूर्य राशि बनाम चंद्र राशि
पश्चिमी राशिफल अधिकतर सूर्य राशि पर आधारित है। वैदिक ज्योतिष चंद्र राशि को अधिक महत्व देता है — जन्म के समय चंद्र जिस राशि में था — क्योंकि यह मन व भावनाओं की स्वामी है। इसीलिए आपकी वैदिक राशि उस राशि से भिन्न हो सकती है जिसे आप पहले से जानते हैं।
अपनी सही राशि जानें
आपकी वास्तविक चंद्र राशि आपके जन्म की सही तिथि, समय व स्थान पर निर्भर करती है। जन्म-विवरण से एक त्वरित गणना इसे तुरंत बता देती है।
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यह लेख केवल मार्गदर्शन हेतु है और पेशेवर सलाह का विकल्प नहीं है।
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